दहशत #rk 95


शहर से दूर एक सच्चाई दहशत से एक लडाई पेट भरने की जंग थी मिटाने सारी भूख फिर ना जाने … More

मैं कौन तेरा #rk 93


मैं कौन हूँ तेरा अपना आँखे बिना बन्द किये कोई सपना नैनो के वो इशारे समझे जो ना तुम्हारे खुशी … More