कुछ रास्ते ऐसे


कुछ रास्ते ऐसे कहीं दूर के लगते थे, कुछ किरणों में सिमटकर बस यूँहीं हासिल हुएं। कुछ मंजिलें वैसे कहीं ख्वाब से लगते थे, कुछ कंकडों में मिलकर नजदीक मालूम हुएं। कुछ तारे ऐसे टिमटिमाते थे हमेशा, कहीं दूर कुछ बातें, किया करते तो थे। कुछ रातें सुबह तक, ढल जाया करती थी, फिर बाते … Continue reading कुछ रास्ते ऐसे

दोस्ती के बिखरे पल


ये गीत उनके लिए जो भागती दौडती ज़िन्दगी में कहीं दूर निकल जाते हैं, याद तो होते है पर दिक्कत इस बात की होती है कि अक्सर बस यादों में ही रह जाते हैंजरा करीब तो आओजरा.... करीब तो आओजरा बैठो, कुछ सुनाओकहाँ चल दिए, कहाँ है जानाथोडा बैठो तो,कुछ तो सुनानाकुछ हाल दिल के … Continue reading दोस्ती के बिखरे पल

क्या लिखूँ, क्या लिखूँ, क्या लिखूँ,


क्या लिखूँ, क्या लिखूँ, क्या लिखूँ, निशब्द सा हूँ मैं लग रहा बाते तो हैं कई, पर दिल है कहीं गुम सा खयाल है कम, किसी सोच में हूँ मैं खोया ना जाने क्यों, ना जाने कहाँ सजाना, सवारना, फिर लिखकर कुछ उतारना सजाना, सवारना, फिर लिखकर कुछ उतारना खुद में सोच फिर, क्या सही, … Continue reading क्या लिखूँ, क्या लिखूँ, क्या लिखूँ,

परिंदे सोच में हैं


परिंदे सोच में हैं इतनी खामोशी, आखिर कैसे आई दिन भर के हो-हल्ले से, चुप्पी कैसे छाई पुहुप भी साक्षी होकर, कर रहे अगुवाई इंसान की दशा हुई है कैसी अब किससे करे लडाई? ~ऋषभ कुमार

आदत सी हो जाती है


आदत सी हो जाती है, अकेला रह लेने की। जब पता हो कि किसी के लिए, हम उतने भी खास नहीं। आदत सी हो जाती है, दिल को हद में रखने की। जब पता हो कि इस दुनिया में, अपनी हद में रहना भी है जरूरी। आदत सी हो जाती है, चुपचाप सा रह लेने … Continue reading आदत सी हो जाती है

मैं तेरा, बिछडा एक ख़्वाब हूँ।


Here is my thoughts during this quarantine sometimes, when I search deep sometimes, something within. मैं तेरा बिछडा एक ख़्वाब हूँ। सुना है, आजकल, तू रहता है शून्य। सुना है, आजकल, तू रहता है शून्य। तेरे साथ लेके तुझे तुझसे ही पार करने को तैयार हूँ। मैं तेरा, बिछडा एक ख़्वाब हूँ। तू ना चाहे … Continue reading मैं तेरा, बिछडा एक ख़्वाब हूँ।

जब बाते करनी हो


जब बाते करनी हो, बता देना। जब मिलना हो, दुआ करना। कुछ किस्से हो तो, सुना देना। कुछ किस्से हमारे भी, सुन लेना। कुछ किस्से, कहीं छूटे हैं। उन हिस्सों को, जी ले तू। कुछ पल, मिले हैं अभी। इन पलों में, रह ले तू। कुछ इरादे कभी किए थे तूने। उन इरादों को हकीकत … Continue reading जब बाते करनी हो